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रमज़ान मुबारक़

हजारों नेमतें ले कर लो फिर रमज़ान आया है ।
क़ुरां की शक़्ल में अल्लाह का फ़रमान आया है ।
ख़ुदा की बंदगी में तिश्नगी मालूम ना होगी,
यहां इफ्तार में रोजा ले क़ौसर जाम आया है ।

       -अंजुमन 'आरज़ू'©✍
07/05/2019

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